निधन के 11 साल बाद परवीन की वसीयत का खुलासा, परिवार को कुछ नहीं मिला

जूनागढ: अभिनेत्री परवीन बाबी की संपत्ति से जुड़ी वसीयत पर कानून की मुहर लग गई है। बाबी की संपत्ति का 70 प्रतिशत हिस्सा बाबी खानदान के गरीबों के कल्याण के लिए जाएगा। 10 प्रतिशत ईसाई गरीबों के लिए एवं शेष 20 प्रतिशत हिस्सा दिवंगत अभिनेत्री के वयोवृद्द मामा मुराद खान बाबी (82) को बतौर सर्विस चार्ज दिया जाएगा। बॉम्बे हाईकोर्ट के जस्टिस जी.एस. पटेल ने 14 अक्टूबर को परवीन बाबी की इच्छा के अनुसार संपत्ति के बटवारे का फैसला दिया। परवीन बाबी की वसीयत के इन प्रावधानों पर मुहर लगा दी है। यह फैसला 11 साल बाद आया है। हाईकोर्ट ने 23 दिसंबर तक आदेश की तामील करने की ताकीद की गई है। परवीन बाबी मूलत:जूनागढ़ की थीं। साल 2005 में उनकी मृत्यु हो गई थी। परवीन बाबी के मामा मुराद खान उनकी वसीयत लेकर सामने आए थे, जिसे बाबी परिवार के तीन सदस्यों ने अवैध बताते हुए इसकी वैद्यता को चुनौती दी तो मामला हाईकोर्ट पहुंचा था। परवीन की संपत्ति एक नजर में…   >>  जुहू समुद्र तट क्षेत्र में रिवेरा अपार्टमेंट में 2300 वर्गफीट का फ्लैट >>  जूनागढ़ हवेली >> आभूषण >> 20 लाख रुपए की बैंक एफडी >>…

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